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नया धमाका

11/23/2010

गर्भपात महापाप:- कत्ल हो गया कोख में बेचारा मजबूर था। क्यों मारा उस मासूम को उसका क्या कसूर था।।

शास्त्रों में कहा गया है कि जिसने भी गर्भपात किया या करवाया है, उसको देखने से, बात करने से, स्पर्श करने से आदमी पाप का भागी बनता है। और जो गर्भपात करता है, करवाता है उसको कितना पाप लगता होगा इसकी कल्पना नहीं की जा सकती। कहते है कि उसको कई कल्पों तक रौरव, कुम्भीपाक आदि नरकों में सड़ना पड़ता है। शास्त्रों के अनुसार गर्भपात एक ब्रह्महत्या है।
आज से लगभग 300-400 साल पूर्व हमारे भारत में जल्लाद हुआ करते थे जिनका काम था फांसी देना, किसी भी कथित अपराधी को छोटे-छोटे टुकड़ों में काट देना, गर्दन रेत देना, नन्हे मासूमों को निर्दयतापूर्वक खत्म कर देना। समय के साथ इन जल्लादों में ण्क परिवर्तन आया है अब वे ज्यादा पढ़े लिखे, समझदार, सूटेड-बूटेड और कोट पेन्ट टाई के साथ डिग्रीधारी हो गए है। यानि अब ये भूमिका हमारे समाज के कई चिकित्सक निभा रहे है। सफाई करने के नाम पर अनजन्में बच्चों का कोख में कत्ल करने का धंधा पूरे जोरो पर है जिस कारण से भारत के कई राज्यों मे लिंगानुपात गड़बड़ा गया है।
आज सब लोग समझदार है, अपना भला-बुरा सोच सकते है किंतु हमारा तो यही कहना है कि:-
लड़का चाहने वालों, अगर गर्भपात करवाओगे।
बहु भी नहीं मिलेगी और नरकों में भी जाओगे।।
भगवान की कसम खाकर कहता हूं, सोच लो वरना पछताओगे।
बेटा भी सेवा नहीं करेगा, बेटी से भी जाओगे।।

2 टिप्‍पणियां:

  1. बेटियां मारते जाओगें तो बहुएं कहां से लाओगें!

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  2. यदि अन्न पर गर्भपात करने वाले की दृष्टि भी पड़ जाय तो वह अन्न अभक्ष्य हो जाता है। (मनुस्मृतिः 4.208)

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